राज्यभर में जागरूकता अभियान, लैंगिक समानता पर दिया जा रहा जोर
Raipur। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित “नई चेतना 4.0” अभियान के तहत छत्तीसगढ़ में जेंडर आधारित भेदभाव और हिंसा के विरुद्ध व्यापक जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस अभियान का उद्देश्य समाज में लैंगिक समानता को बढ़ावा देना और महिलाओं एवं बालिकाओं के अधिकारों के प्रति जागरूकता फैलाना है।
बीजापुर सहित कई जिलों में आयोजित हो रहे कार्यक्रम
अभियान के तहत Bijapur सहित विभिन्न जिलों और ब्लॉक मुख्यालयों में लगातार कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इन कार्यक्रमों में महिलाओं, किशोरियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, विद्यार्थियों और आम नागरिकों की सक्रिय भागीदारी देखी जा रही है।
महिला अधिकारों और सुरक्षा पर दी जा रही जानकारी
कार्यक्रमों के दौरान प्रतिभागियों को जेंडर समानता, घरेलू हिंसा की रोकथाम, बाल विवाह निषेध, बाल संरक्षण, साइबर सुरक्षा और महिला हेल्पलाइन सेवाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी जा रही है। साथ ही सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के बारे में भी जागरूक किया जा रहा है।
सुरक्षित और समान समाज बनाने का लक्ष्य
अधिकारियों का कहना है कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य समाज में सुरक्षित, समान और संवेदनशील वातावरण का निर्माण करना है, जहां महिलाओं और बालिकाओं को उनके अधिकार पूरी तरह मिल सकें।
जनभागीदारी को बताया गया अभियान की ताकत
अभियान में जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों की भागीदारी को विशेष रूप से महत्वपूर्ण बताया गया है। अधिकारियों का मानना है कि जब तक समाज के हर वर्ग की भागीदारी नहीं होगी, तब तक जेंडर समानता का लक्ष्य पूरा नहीं हो सकता।







