रायपुर। खुरसीपार निवासी अनिमेष सिंह के बैंक खाते में वर्ष 2020 में हुए 165 करोड़ रुपये के संदिग्ध लेन-देन मामले की जांच में केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) को महत्वपूर्ण प्रगति हासिल हुई है। CBI ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट की डबल बेंच को बताया है कि जांच के दौरान एजेंसी को धन की स्रोत और उसके बाद विभिन्न खातों में हुए हस्तांतरण (मनी ट्रेल) की अहम जानकारी मिल चुकी है।
जांच में तेजी, जुलाई के अंतिम सप्ताह में होगी अगली सुनवाई
CBI की रिपोर्ट के अनुसार, इस बहुचर्चित मामले की अगली सुनवाई जुलाई के अंतिम सप्ताह में होनी है। इस दौरान CBI अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर सकती है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट लगातार सुनवाई कर रहा है। CBI ने कोर्ट को आश्वासन दिया है कि जांच पूर्णता की ओर बढ़ रही है और जल्द ही ठोस सबूतों के साथ आगे की कार्यवाही की जाएगी।
क्या है पूरा मामला?
सूत्रों के अनुसार, अनिमेष सिंह के बैंक खाते में 2020 के दौरान भारी मात्रा में संदिग्ध राशि का लेन-देन हुआ था। शुरू में मामला दर्ज होने के बाद CBI ने इसकी जांच अपने हाथ में ली। जांच एजेंसी ने विभिन्न बैंकों से लेन-देन के विवरण, खातों के बीच पैसे के हस्तांतरण और संभावित स्रोतों का पता लगाने के लिए विस्तृत छानबीन की।
अब तक मिली जानकारी के मुताबिक, राशि के मूल स्रोत और उसके बाद बनी जटिल मनी ट्रेल की पुष्टि हो चुकी है, जो इस मामले को और गंभीर बनाती है।
अपराध और न्याय
यह मामला वित्तीय अनियमितताओं और संदिग्ध फंड ट्रांसफर का हिस्सा माना जा रहा है। CBI की रिपोर्ट आने के बाद कई बड़े खुलासे होने की संभावना है।
अनिमेष सिंह और इससे जुड़े अन्य लोगों पर सख्त कार्रवाई की मांग की जा रही है।










