बरेली। उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में एक महिला ने खुद को IAS अधिकारी बताकर शादी रचाई। शादी के बाद उसकी फर्जी पहचान सामने आने पर परिवार ने धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया। पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है।

खुद को बताया IAS अधिकारी, कहा- जल्द आने वाला है नियुक्ति पत्र
पुलिस के अनुसार, फरीदपुर थाना क्षेत्र के पचौमी गांव निवासी अभिषेक की मुलाकात बदायूं जिले के बिल्सी थाना क्षेत्र के सतेती गांव निवासी साधना से हुई थी। साधना ने अभिषेक और उसके पूरे परिवार को विश्वास दिलाया कि वह IAS अधिकारी है और उसका नियुक्ति पत्र (अपॉइंटमेंट लेटर) कभी भी आ सकता है। उसने दावा किया कि वह जल्द ही सरकारी सेवा में शामिल होने वाली है।

सरकारी नौकरी लगवाने का भी दिया भरोसा
आरोपी महिला ने अभिषेक से यह भी वादा किया कि वह उसकी भी सरकारी नौकरी लगवा देगी। IAS अधिकारी होने का झूठा दावा और सरकारी नौकरी का लालच देखकर अभिषेक के परिवार ने रिश्ते को मंजूरी दे दी। इसके बाद दोनों की शादी संपन्न हो गई।

शादी के बाद सामने आया फर्जी IAS होने का सच
शादी के कुछ समय बाद अभिषेक और उसके परिवार को पता चला कि साधना IAS अधिकारी नहीं है। यह सब फर्जी पहचान और झूठ पर आधारित था। आरोप है कि साधना ने शादी के बाद पति के परिवार से 40 लाख रुपये की मांग की। जब परिवार ने मना किया तो मामला बिगड़ गया।

पुलिस ने की गिरफ्तारी, जांच जारी
परिवार की शिकायत पर फरीदपुर पुलिस ने मामला दर्ज किया और आरोपी साधना को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब इस पूरे मामले में फर्जी पहचान, धोखाधड़ी और अन्य संभावित पहलुओं की गहन जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि आरोपी महिला पर फर्जी पहचान के जरिए शादी करने, पति व ससुराल वालों से धोखाधड़ी करने और आर्थिक लाभ के लिए धमकी देने के आरोप हैं। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर की जाएगी।
यह घटना स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों को आगाह किया है कि शादी-ब्याह जैसे संवेदनशील मामलों में किसी की भी पहचान और दावों की अच्छी तरह जांच करनी चाहिए।








