धरमजयगढ़ वन मंडल में लगातार बढ़ रही जंगली हाथियों की सक्रियता, ग्रामीणों में दहशत
रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में मानसून की शुरुआत के साथ ही जंगली हाथियों का आतंक बढ़ गया है। भोजन और सुरक्षित ठिकाने की तलाश में जंगलों से निकलकर हाथियों के झुंड गांवों के आसपास पहुंच रहे हैं। धरमजयगढ़ वन मंडल क्षेत्र में पिछले तीन दिनों के दौरान हाथियों ने भारी नुकसान पहुंचाया है।
वन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, हाथियों के हमले में 6 मकान, एक झोपड़ी, एक अहाता और एक ट्रैक्टर क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इसके अलावा 83 किसानों की फसलें भी हाथियों ने रौंदकर बर्बाद कर दी हैं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।
लगातार हो रहे नुकसान से प्रभावित गांवों के लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि रात के समय हाथियों के गांवों में पहुंचने से जान-माल का खतरा बढ़ गया है और लोग पूरी रात जागकर पहरा देने को मजबूर हैं।
वन विभाग की टीमें हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है। प्रभावित क्षेत्रों में मुनादी कर लोगों से हाथियों के झुंड के पास नहीं जाने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है।
प्रशासन ने नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है। प्रभावित किसानों और परिवारों को नियमानुसार मुआवजा देने की प्रक्रिया भी शुरू किए जाने की बात कही गई है। वहीं वन विभाग हाथियों के दल को वापस जंगल की ओर मोड़ने के प्रयास में जुटा हुआ है।







