जांच की निष्पक्षता और प्रक्रिया पर उठे सवाल, 31 अगस्त वाले सप्ताह में अगली सुनवाई की संभावना
बिलासपुर। आईपीएस अधिकारी रतनलाल डांगी से जुड़े मामले की जांच प्रक्रिया को लेकर दायर रिट याचिका पर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में 12 अगस्त 2026 को सुनवाई हुई। याचिका में जांच की निष्पक्षता और अपनाई गई प्रक्रिया को लेकर गंभीर सवाल उठाए गए हैं। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने पुलिस मुख्यालय रायपुर और गृह विभाग के सचिव से जवाब मांगा है।
अक्टूबर 2025 में जांच अधिकारी की नियुक्ति
याचिका के मुताबिक, शिकायत के बाद अक्टूबर 2025 में तत्कालीन पुलिस महानिदेशक की ओर से मामले की जांच के लिए आईजीपी आनंद छाबड़ा को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया था। वहीं डीआईजीपी मिलना कुर्रे को सहायक जांच अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
निलंबन का भी याचिका में उल्लेख
याचिका में यह भी उल्लेख किया गया है कि इसी अवधि के दौरान गृह विभाग के सचिव की ओर से आईपीएस रतनलाल डांगी को निलंबित किया गया था। याचिकाकर्ता की ओर से जांच की प्रक्रिया और उसकी निष्पक्षता को लेकर अदालत के समक्ष सवाल उठाए गए हैं।
सरकार के जवाब के बाद आगे बढ़ेगा मामला
सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने पुलिस मुख्यालय और गृह विभाग से जवाब तलब किया है। अब सरकार का पक्ष सामने आने के बाद मामले की आगे की दिशा स्पष्ट होगी। 31 अगस्त 2026 वाले सप्ताह में मामले की अगली सुनवाई होने की संभावना है।







