पिथौरा के किसान धनेश्वर साव ने अपनाई आधुनिक कृषि तकनीक
महासमुंद। आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर किसान अब कम लागत में अधिक उत्पादन प्राप्त कर रहे हैं। इसी क्रम में विकासखंड पिथौरा के ग्राम सलडीह के प्रगतिशील किसान धनेश्वर साव ने अपनी धान की फसल में नैनो डीएपी एवं नैनो यूरिया प्लस का वैज्ञानिक तरीके से उपयोग कर बेहतर परिणाम हासिल किए हैं।
बीज उपचार से लेकर फसल वृद्धि तक किया नैनो उर्वरकों का उपयोग
किसान धनेश्वर साव ने बताया कि उन्होंने बीज उपचार से लेकर पौध उपचार और फसल की वृद्धि अवस्था तक नैनो उर्वरकों का नियमानुसार प्रयोग किया। इसके चलते धान की फसल अधिक हरी-भरी, स्वस्थ और मजबूत विकसित हुई।
रोग और कीटों का प्रकोप हुआ कम
नैनो उर्वरकों के उपयोग से फसल में रोग एवं कीटों का प्रकोप अपेक्षाकृत कम देखने को मिला। इससे अतिरिक्त कीटनाशकों की आवश्यकता भी कम हुई, जिससे खेती की लागत में उल्लेखनीय कमी आई।
समय और मजदूरी दोनों की बचत
किसान ने बताया कि नैनो उर्वरकों को अन्य उपयुक्त कीटनाशकों के साथ मिलाकर छिड़काव करने से समय और मजदूरी दोनों की बचत हुई। इससे कृषि कार्य अधिक सुविधाजनक और किफायती बन गया।
बेहतर गुणवत्ता और अधिक उत्पादन की उम्मीद
फसल की गुणवत्ता में भी सुधार देखने को मिला है, जिससे बेहतर उत्पादन की संभावना बढ़ गई है। प्रगतिशील किसान की यह पहल अन्य किसानों के लिए भी प्रेरणादायक मानी जा रही है, जो आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर अपनी आय बढ़ा सकते हैं।









