अभनपुर में कार्यकर्ताओं को करेंगे संबोधित, संगठनात्मक मजबूती पर रहेगा फोकस
रायपुर। कांग्रेस के राष्ट्रीय मीडिया एवं प्रचार विभाग के अध्यक्ष पवन खेड़ा रविवार को रायपुर पहुंचे। स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट पहुंचने के बाद वे सीधे अभनपुर के लिए रवाना हो गए, जहां कांग्रेस के 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के समापन कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। यह प्रशिक्षण शिविर 29 जून को समाप्त होगा।
कार्यकर्ताओं से साझा करेंगे आगामी राजनीतिक रणनीति
जानकारी के अनुसार, पवन खेड़ा शिविर के अंतिम दिन कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। इस दौरान संगठन को मजबूत बनाने, कार्यकर्ताओं की भूमिका और आगामी राजनीतिक रणनीति को लेकर चर्चा की जाएगी। कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि प्रशिक्षण शिविर संगठनात्मक क्षमता बढ़ाने और जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
सोशल मीडिया के दौर में प्रशिक्षण को बताया जरूरी
रायपुर आगमन पर पवन खेड़ा ने प्रशिक्षण शिविर के आयोजन को लेकर प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय सोशल मीडिया और डिजिटल संचार का युग है, ऐसे में कार्यकर्ताओं का वैचारिक और संगठनात्मक प्रशिक्षण पहले से अधिक महत्वपूर्ण हो गया है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं के साथ संवाद कर उन्हें भविष्य की चुनौतियों और राजनीतिक मुद्दों के लिए तैयार किया जाएगा।
राम मंदिर ट्रस्ट को लेकर साधा निशाना
मीडिया से चर्चा के दौरान पवन खेड़ा ने राम मंदिर से जुड़े कथित चढ़ावा चोरी प्रकरण पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने आरोप लगाया कि राम मंदिर ट्रस्ट एक ऐसा प्रयोग है जो राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रभाव में बना और उसकी निगरानी में कार्य करता है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं गंभीर प्रश्न खड़े करती हैं और उनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
भ्रष्टाचार और जवाबदेही पर उठाए सवाल
पवन खेड़ा ने कहा कि जो लोग भगवान राम के आदर्शों और सिद्धांतों की बात करते हैं, उन्हें सार्वजनिक जीवन में पारदर्शिता और जवाबदेही का भी पालन करना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता में रहते हुए भ्रष्टाचार और अनियमितताओं की घटनाएं सामने आना चिंताजनक है और जनता को इसका जवाब मिलना चाहिए।
शिविर के समापन पर जुटेंगे कांग्रेस पदाधिकारी
कांग्रेस के इस प्रशिक्षण शिविर के समापन कार्यक्रम में प्रदेश के कई वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल होंगे। कार्यक्रम के दौरान संगठन विस्तार, जनसंपर्क अभियान और आगामी राजनीतिक गतिविधियों को लेकर भी चर्चा होने की संभावना है।










