थाने से आरोपियों को छोड़ने पर हुई कार्रवाई, 200 लीटर चोरी का डीजल और दो स्कॉर्पियो जब्त
बिलासपुर। नेशनल हाईवे पर खड़े ट्रक और ट्रेलर जैसे भारी वाहनों से डीजल चोरी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह के मामले में बिलासपुर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। मामले में पकड़े गए कुछ आरोपियों को थाने से छोड़ दिए जाने की जानकारी सामने आने के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) रजनेश सिंह ने कड़ा रुख अपनाते हुए कोनी थाना में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक (ASI) उमेश उपाध्याय को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

जानकारी के अनुसार, कोनी पुलिस ने हाल ही में डीजल चोरी करने वाले गिरोह के खिलाफ कार्रवाई करते हुए पांच संदिग्धों को हिरासत में लिया था। आरोप है कि सोमवार सुबह बैसाखू, राजेश, राजू और एक महिला को थाने से छोड़ दिया गया। इस घटना की जानकारी मिलते ही एसएसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित ASI पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की।

दो आरोपी गिरफ्तार, चोरी का डीजल और वाहन जब्त
पुलिस के मुताबिक, मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। उनके कब्जे से करीब 200 लीटर चोरी का डीजल, दो स्कॉर्पियो वाहन तथा डीजल चोरी में इस्तेमाल होने वाले पाइप और लोहे की छड़ बरामद की गई है।

तीन आरोपी अब भी फरार
पुलिस ने बताया कि गिरोह के तीन आरोपी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। मामले की जांच जारी है और आरोपियों को छोड़ने की परिस्थितियों की भी जांच की जा रही है।

लापरवाही पर सख्त संदेश
इस कार्रवाई के जरिए एसएसपी ने स्पष्ट संकेत दिया है कि पुलिस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या नियमों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विभागीय जांच के आधार पर आगे भी जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों पर कार्रवाई की जा सकती है।









