बिलासपुर में DGP अरुण देव गौतम बोले- आर्थिक अनियमितताओं की जांच के लिए भेजा गया प्रस्ताव
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम ने बिलासपुर में सर्पदंश मुआवजा घोटाले को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यह गंभीर मामला है और इसमें सामने आई आर्थिक अनियमितताओं की जांच अब किसी विशेषज्ञ एजेंसी से कराने का प्रस्ताव भेजा गया है। उनके बयान के बाद मामले की जांच EOW (आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा) को सौंपे जाने की संभावना बढ़ गई है।
पुलिस जांच की DGP ने की तारीफ
DGP ने मामले में अब तक की पुलिस जांच और कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि पुलिस ने पूरे मामले की जांच ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ की है। पुलिस की ओर से अब तक की गई कार्रवाई को गंभीरता से लिया गया है।
आर्थिक गड़बड़ी के पहलुओं की होगी गहन जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए अब आर्थिक अनियमितताओं से जुड़े पहलुओं की विशेषज्ञ स्तर पर जांच कराने की तैयारी है। इसके लिए संबंधित विशेषज्ञ एजेंसी को जांच सौंपने का प्रस्ताव भेजा गया है। इससे घोटाले में पैसे के लेन-देन और आर्थिक अनियमितताओं से जुड़े पहलुओं की गहराई से पड़ताल हो सकेगी।
EOW को जांच मिलने की संभावना
DGP के बयान के बाद माना जा रहा है कि सर्पदंश मुआवजा घोटाले की जांच EOW को सौंपी जा सकती है। हालांकि, जांच औपचारिक रूप से किस एजेंसी को दी जाएगी, इसका अंतिम निर्णय प्रस्ताव पर कार्रवाई के बाद स्पष्ट होगा।








