दो दिनों में फैला खौफ, लाखों के मोबाइल और नकदी लेकर फरार हुए बदमाश
दुर्ग शहर में इन दिनों चोरों ने ऐसा आतंक मचा रखा है कि लोग रात में घर और दुकान छोड़ने से भी डरने लगे हैं। महज दो दिनों के भीतर चोरी की 14 वारदातों ने पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। सबसे सनसनीखेज घटना मोहननगर थाना क्षेत्र की है, जहां एक इलेक्ट्रॉनिक्स शोरूम को निशाना बनाकर चोर लाखों रुपए का माल समेट ले गए।
एवन इलेक्ट्रॉनिक्स में देर रात धावा
जानकारी के मुताबिक मोहननगर स्थित एवन इलेक्ट्रॉनिक्स में देर रात बदमाश घुसे और दुकान में रखे दर्जनों मोबाइल फोन तथा नकदी पर हाथ साफ कर दिया। शुरुआती जानकारी में 40 से 50 मोबाइल फोन और करीब 30 से 40 हजार रुपए नकद चोरी होने की बात सामने आई है। पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है, जिसमें एक संदिग्ध चोर दिखाई दे रहा है।
मोहननगर में सबसे ज्यादा 4 मामले दर्ज
चौंकाने वाली बात यह है कि चोरी की 14 घटनाओं में अकेले मोहननगर थाना क्षेत्र में 4 मामले दर्ज हुए हैं। लगातार हो रही वारदातों से स्थानीय व्यापारी और रहवासी दहशत में हैं। लोगों का कहना है कि चोर बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं और पुलिस के हाथ अब तक खाली हैं।
CCTV फुटेज बना सबसे बड़ा सुराग
पुलिस ने घटनास्थलों से सीसीटीवी फुटेज जुटाए हैं और संदिग्धों की पहचान करने की कोशिश शुरू कर दी है। एवन इलेक्ट्रॉनिक्स की फुटेज को भी जांच का अहम आधार माना जा रहा है। आशंका जताई जा रही है कि वारदातों के पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय हो सकता है, जो लगातार रेकी कर दुकानों और मकानों को निशाना बना रहा है।
व्यापारियों में बढ़ा आक्रोश
लगातार हो रही चोरियों से व्यापारियों में भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि अगर जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वे आंदोलन का रास्ता अपना सकते हैं। कई व्यापारियों ने बाजार क्षेत्रों में रात के समय अतिरिक्त पुलिस गश्त बढ़ाने की मांग भी की है।
पुलिस के सामने बड़ी चुनौती
एक के बाद एक सामने आ रही चोरी की घटनाओं ने पुलिस की नींद उड़ा दी है। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर दो दिनों में 14 वारदातों को अंजाम देने वाले बदमाश कौन हैं और वे कब तक कानून की पकड़ से बाहर रहेंगे। शहर की निगाहें अब पुलिस कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।











