गौरेला में ऑटो चालक पर जानलेवा हमले के मामले में कोर्ट का फैसला, द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने सुनाई कड़ी सजा
पेंड्रा। गौरेला में ऑटो चालक कान्हा नामदेव पर चाकू से जानलेवा हमला करने वाले दो भाइयों को कोर्ट ने 10-10 साल की कठोर सजा सुनाई है। पेण्ड्रारोड स्थित द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ज्योति अग्रवाल की अदालत ने हत्या के प्रयास के मामले में यह फैसला सुनाया।

दुकान के सामने ऑटो खड़ा करने को लेकर हुआ था विवाद
जानकारी के अनुसार, यह घटना 23 अक्टूबर 2024 की रात करीब 8:30 बजे गौरेला थाना क्षेत्र के कमानिया गेट के पास भागू किराना दुकान के सामने हुई थी। पीड़ित कान्हा नामदेव, जो पेशे से ऑटो चालक है, आरोपी गिरधारी सोनी की दाबेली दुकान पर खाने गया था।

इसी दौरान पुरानी रंजिश को लेकर गिरधारी सोनी और उसके भाई लवकुश सोनी ने कान्हा को घेर लिया। आरोप है कि लवकुश ने उसे पकड़ लिया, जबकि गिरधारी ने दुकान में रखे धारदार चाकू से उसके सिर और गर्दन पर कई वार कर दिए।

लहूलुहान हालत में अस्पताल पहुंचाया गया था युवक
हमले के बाद कान्हा गंभीर रूप से घायल हो गया था। घटना की जानकारी मिलने पर उसके भाई अनिल नामदेव मौके पर पहुंचे और उसे लहूलुहान हालत में अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद मामले की शिकायत गौरेला थाने में दर्ज कराई गई थी।

ऑटो पार्किंग को लेकर थी पुरानी रंजिश
पीड़ित ने पुलिस को बताया था कि हमला करते समय दोनों आरोपी कह रहे थे कि वह उनकी दुकान के सामने ऑटो खड़ा कर देता है, जिससे ग्राहकों की संख्या कम हो रही है और उनका धंधा प्रभावित हो रहा है। इसी बात को लेकर दोनों भाइयों ने जान से मारने की नीयत से हमला किया था।
कोर्ट ने माना गंभीर अपराध, सुनाई 10 साल की सजा
मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने दोनों आरोपियों गिरधारी सोनी और लवकुश सोनी को दोषी मानते हुए 10-10 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट के फैसले के बाद पीड़ित पक्ष ने राहत की सांस ली है।








