संभल। पुलिस की विशेष प्रशिक्षित डॉग ‘मैरी’ की सूझबूझ और कुशलता से संभल जिले में छह वर्षीय मासूम बच्ची से दुष्कर्म का जघन्य मामला मात्र पांच दिनों में सुलझ गया। इस ब्लाइंड रेप केस में डॉग स्क्वॉड की भूमिका सराहनीय रही, जिसके लिए पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने ‘मैरी’ को 10 हजार रुपये का नकद पुरस्कार प्रदान किया।
घटना का विवरण
बबराला थाना क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली छह वर्षीय बच्ची 18 जून को घर से खेलने के लिए निकली थी। जब वह काफी देर तक वापस नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू कर दी। खोजबीन के दौरान बच्ची को घर से करीब 300 मीटर दूर जंगल के पास बेहोशी की हालत में पड़ा हुआ पाया गया। परिजनों ने तुरंत उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया और पुलिस को सूचना दी।
पुलिस ने तुरंत शुरू की कार्रवाई
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने उसी रात घटनास्थल को सील कर दिया। अगले दिन फॉरेंसिक टीम ने मौके से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए, जिनमें एक गमछा भी शामिल था। बच्ची के पिता की तहरीर पर पुलिस ने POCSO एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
डॉग ‘मैरी’ बनी गेम चेंजर
पुलिस डॉग ‘मैरी’ को घटनास्थल से बरामद गमछा सूंघाया गया। गंध पाते ही मैरी ने खेतों और जंगलों से होते हुए एक खास दिशा पकड़ ली और सीधे आरोपी संदीप नामक युवक के घर तक पुलिस टीम को पहुंचा दिया।
जब पुलिस टीम आरोपी के घर पहुंची तो उसके परिजनों ने उसके घर पर होने से इनकार कर दिया। जांच में पता चला कि पुलिस की गतिविधि की भनक लगते ही आरोपी फरार हो गया था।
आरोपी गिरफ्तार, तमंचा बरामद
पुलिस ने तुरंत घेराबंदी कर आरोपी की तलाश शुरू की। बबराला-रजपुरा मार्ग पर आरोपी संदीप का सामना पुलिस से हुआ, जिसके बाद उसे सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी के कब्जे से एक तमंचा भी बरामद किया गया।
एसपी बिश्नोई ने सराहा डॉग स्क्वॉड का योगदान
पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने डॉग ‘मैरी’ की सराहना करते हुए कहा कि उसकी सूंघने की क्षमता और ट्रेनिंग ने इस जटिल मामले को सुलझाने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने डॉग स्क्वॉड की कार्यप्रणाली की भी प्रशंसा की।
पिकअप दुर्घटनाग्रस्त मामले में भी डॉग स्क्वॉड ने की थी अहम मदद
यह मामला एक बार फिर साबित करता है कि आधुनिक तकनीक के साथ-साथ प्रशिक्षित डॉग स्क्वॉड भी अपराधियों को पकड़ने में पुलिस के लिए मजबूत सहयोगी साबित हो सकती है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर आगे की जांच कर रही है।








