रामचंद्रपुर विकासखंड के दो गांवों में 7 एकड़ 75 डिसमिल शासकीय भूमि कराई गई मुक्त
बलरामपुर-रामानुजगंज। जिले के रामचंद्रपुर विकासखंड के दो गांवों में बुधवार सुबह प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शासकीय भूमि पर बने 23 मकानों को हटाकर करीब 7 एकड़ 75 डिसमिल सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया। यह कार्रवाई अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) आनंद राम नेताम के नेतृत्व में राजस्व, पुलिस और अन्य विभागों की संयुक्त टीम द्वारा की गई।
नोटिस और सीमांकन के बाद की गई कार्रवाई
प्रशासन के अनुसार, अतिक्रमण हटाने से पहले संबंधित भूमि का अभिलेखीय परीक्षण, सीमांकन और विस्तृत सर्वेक्षण कराया गया था। अतिक्रमणकारियों को नियमानुसार नोटिस जारी कर स्वेच्छा से भूमि खाली करने का अवसर भी दिया गया। सभी कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद निर्धारित तिथि पर कार्रवाई अमल में लाई गई।
शांतिपूर्ण माहौल में चला अतिक्रमण हटाओ अभियान
कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था। प्रशासन ने आम नागरिकों की सुविधा और संवेदनशीलता का विशेष ध्यान रखते हुए पूरी कार्रवाई शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराई। अभियान के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति सामने नहीं आई।
जनहित और विकास कार्यों में होगी भूमि का उपयोग
अतिक्रमण हटाने के बाद मुक्त कराई गई शासकीय भूमि को पुनः सुरक्षित करते हुए अभिलेखों के अनुरूप दर्ज किया गया है। प्रशासन का कहना है कि इस भूमि का उपयोग भविष्य में जनहित से जुड़े विकास कार्यों के लिए किया जाएगा, जिससे क्षेत्र के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।
अवैध कब्जों के खिलाफ जारी रहेगा अभियान
कलेक्टर चंदन संजय त्रिपाठी ने कहा कि शासकीय भूमि पर अवैध कब्जों को किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निगरानी रखने तथा अतिक्रमण के मामलों में नियमानुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक संपत्तियों का संरक्षण प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इस दिशा में अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।







